जनवरी 2022 में भारत में कुल मिलाकर 14,39,747 वाहनों का रजिस्ट्रेशन हुआ है, जो कि सालाना आधार पर 10.69 फीसदी की गिरावट है
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) ने जनवरी 2022 के लिए वाहनों की बिक्री के डेटा को जारी कर दिया है। जनवरी 2022 में भारत में कुल मिलाकर 14,39,747 वाहनों का रजिस्ट्रेशन हुआ है, जबकि जनवरी 2021 में यह आंकड़ा 16,12,130 य़ूनिट का था। इस तरह पिछले महीने वाहनों के रजिस्ट्रेशन में सालाना आधार पर 10.69 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है।
जनवरी 2022 में दोपहिया वाहनों के रजिस्ट्रेशन की बात करें तो कुल मिलाकर 10,17,785 यूनिट का रजिस्ट्रेशन हुआ है, जो कि जनवरी 2021 में की गई 11,75,832 यूनिट के मुकाबले सालाना आधार पर 13.44 फीसदी की गिरावट है। वहीं यात्री वाहनों की बात करें तो जनवरी 2022 में 2,58,329 यूनिट का रजिस्ट्रेशन हुआ है, जो जनवरी 2021 के 2,87,424 यूनिट के मुकाबले 10.12 प्रतिशत की गिरावट है।
हालाँकि तिपिहया सेगमेंट में सालाना आधार पर 29.80 फीसदी की वृद्धि दर्ज हुई है, क्योंकि जनवरी 2022 में जहाँ 40,449 यूनिट वाहनों का रजिस्ट्रेशन हुआ है, वहीं जनवरी 2021 में यह आंकड़ा केवल 31,162 यूनिट का था। वहीं ट्रैक्टर सेगमेंट में जनवरी 2022 में 55,421 यूनिट का रजिस्ट्रेशन हुआ है, जो जनवरी 2021 के 61,485 यूनिट के मुकाबले 9.86 फीसदी की गिरावट है।
| सेगमेंट | जनवरी 2022 | जनवरी 2021 |
| 1. दोपहिया वाहन (-13.44%) | 10,17,785 | 11,75,832 |
| 2. तिपहिया वाहन (29.80%) | 40,449 | 31,162 |
| 3. यात्री वाहन (-10.12%) | 2,58,329 | 2,87,424 |
| 4. ट्रैक्टर (-9.86%) | 55,421 | 61,485 |
| 5. कमर्शियल वाहन (20.52%) | 67,763 | 56,227 |
| हल्के कमर्शियल वाहन (16.46%) | 40,343 | 34,660 |
| मीडियम कमर्शियल वाहन (17.11%) | 4,093 | 3,495 |
| भारी कमर्शियल वाहन (41.12%) | 20,279 | 14,370 |
| अन्य (-18.11) | 3,048 | 3,722 |
| कुल (-10.69) | 14,39,747 | 16,12,130 |
वहीं कमर्शियल वाहनों की बात करें तो जनवरी 2022 में यह आंकड़ा 67,763 यूनिट का है, जो जनवरी 2021 के 56,227 यूनिट के मुकाबले सालाना आधार पर 20.52 प्रतिशत की वृद्धि है। इस तरह स्पष्ट है कि जहाँ तिपहिया और कमर्शियल वाहनों के रजिस्ट्रेशन में वृद्धि दर्ज हुई, वहीं दोपहिया वाहन, पैसेंजर वाहन और ट्रैक्टर सेगमेंट मे गिरावट आई है।
इस अवसर पर फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष विंकेश गुलाटी ने कहा कि सेमीकंडक्टर की वैश्विक कमी के कारण यात्री वाहनों की बिक्री के आंकड़ों में गिरावट दर्ज की गई है। बाजार में अच्छी मांग के बावजूद भी वाहन निर्माताओं को अपनी बिक्री में गिरावट का खामियाजा भुगतना पड़ा है और इसका असर शहरी क्षेत्र के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी पड़ा है।
हालाँकि आंकड़ों से यह भी स्पष्ट है कि अर्थव्यवस्था में सुधार के साथ कमर्शियल वाहन सेगमेंट में वृद्धि जारी है। ऐसा इसलिए क्योंकि केंद्र के साथ-साथ राज्य सरकारों द्वारा बुनियादी ढांचे के खर्च में वृद्धि के साथ समग्र कमर्शियल वाहन खंड में गति बनी हुई है। फाडा ने कहा है कि 55 प्रतिशत डीलरों ने उससे कहा कि हेल्थ क्राइसिस के कारण उन्होंने 10 प्रतिशत बिक्री खो दी है। हालाँकि आने वाले महीनों में बिक्री में वृद्धि का अनुमान भी जताया है।