
इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर सेगमेंट में ओला की बाजार हिस्सेदारी 2024 में 36.7 प्रतिशत थी, जो 2025 में घटकर 16.1 प्रतिशत रह गई
भारतीय इलेक्ट्रिक दोपहिया बाजार में इस साल बड़ा बदलाव देखने को मिला। सेगमेंट लीडर ओला इलेक्ट्रिक की घरेलू बिक्री में बाजार हिस्सेदारी 50 प्रतिशत से ज्यादा गिर गई। जहाँ 2024 में ओला की हिस्सेदारी 36.7 प्रतिशत थी, वहीं 2025 में यह घटकर सिर्फ 16.1 प्रतिशत रह गई। दूसरी ओर, टीवीएस मोटर कंपनी, हीरो मोटोकॉर्प और बजाज ऑटो जैसे पारंपरिक (लेगेसी) ब्रांड्स ने अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई, क्योंकि ओला की बिक्री लगातार गिरती चली गई।
बताया जा रहा है कि भाविश अग्रवाल की अगुवाई वाली इस ईवी कंपनी को ऑपरेशनल दिक्कतों, डिलीवरी में अनियमितता और सर्विस से जुड़ी शिकायतों का सामना करना पड़ा। आंकड़ों के मुताबिक, ओला इलेक्ट्रिक ने 2025 में सिर्फ 1,96,767 यूनिट्स की बिक्री की, जबकि 2024 में इसकी बिक्री 4 लाख यूनिट्स से ज्यादा थी। वाहन पोर्टल के डेटा के अनुसार, भले ही कुल इलेक्ट्रिक दोपहिया बाजार में बिक्री की रफ्तार बढ़ी, लेकिन ओला इसका फायदा नहीं उठा सकी।
2025 में टीवीएस मोटर कंपनी ने 2,95,315 यूनिट्स की बिक्री की और 24.2 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी के साथ इलेक्ट्रिक दोपहिया सेगमेंट की नई लीडर बनकर उभरी। इसके बाद बजाज ऑटो 21.9 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ दूसरे स्थान पर रही। अवांटियम एडवाइजर्स एलएलपी के मैनेजिंग पार्टनर वीजी रामकृष्णन ने कहा कि इलेक्ट्रिक दोपहिया बाजार में आगे चलकर स्कूटर ही नहीं, बल्कि मोटरसाइकिल सेगमेंट में भी प्रतिस्पर्धा और तेज होगी।

रामकृष्णन के मुताबिक, पारंपरिक ब्रांड्स अब अपनी मजबूत सर्विस नेटवर्क, ब्रांड वैल्यू और बड़े पैमाने पर उत्पादन क्षमता के दम पर तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। इनके पास व्यापक डीलरशिप नेटवर्क, मजबूत आफ्टर-सेल्स सपोर्ट और ज्यादा मॉडल्स की रेंज है, जो फिलहाल ओला इलेक्ट्रिक के पास नहीं है। हालांकि, ओला ने अपनी खुद की विकसित बैटरी सेल्स वाले इलेक्ट्रिक स्कूटर्स की डिलीवरी शुरू कर दी है, लेकिन कंपनी को पूरी तरह पटरी पर लौटने में अभी कुछ समय लगेगा।
ओला इलेक्ट्रिक की सबसे करीबी प्रतिद्वंद्वी एथर एनर्जी ने भी 2025 में शानदार प्रदर्शन किया। एथर की बाजार हिस्सेदारी 2024 में 11.3 प्रतिशत थी, जो 2025 में बढ़कर 16.2 प्रतिशत हो गई और उसने मामूली अंतर से ओला को पीछे छोड़ दिया। वहीं, हीरो मोटोकॉर्प की हिस्सेदारी भी 2024 के 3.9 प्रतिशत से बढ़कर 2025 में 8.8 प्रतिशत पहुंच गई।

कुल मिलाकर, 2025 इलेक्ट्रिक दोपहिया इंडस्ट्री के लिए मुश्किल भरा साल रहा। चीन के साथ तनाव के कारण कुछ समय तक जरूरी रेयर अर्थ मेटल्स नहीं मिल पाए। इससे सप्लाई में दिक्कत आई और लागत भी बढ़ गई। ओला भविष्य में भारतीय बाजार में कई नए इलेक्ट्रिक स्कूटर और मोटरसाइकिलें लॉन्च करेगी।