किआ सेल्टोस ईवी (Kia Seltos EV) एक बार चार्ज होने पर करीब 400 किमी की ड्राइविंग रेंज दे सकती है और इस साल के अंत तक इसका ग्लोबल डेब्यू हो सकता है
किआ मोटर्स (Kia Motors) भारत में अपने दो प्रोडक्ट किआ सेल्टोस (Kia Seltos) और किआ कॉर्निवाल (Kia Carnival) के साथ काफी सफल कंपनी बनकर उभरी हैं और आने वाले महीनों में भारत में किआ सोनेट (Kia Sonet) को भी लॉन्च किया जाएगा। सेल्टोस रेंज को मजबूत करने के एक हिस्से के रूप में किआ एक इलेक्ट्रिक वेरिएंट पर काम करती दिखाई देती है और उम्मीद है कि इस साल के अंत में या 2021 के शुरुवात में इसका ग्लोबल प्रीमियर किया जा सकता है।
बताया जा रहा है कि इलेक्ट्रिक सेल्टोस अन्य इंटरनेशन मार्केट में डेब्यू करने से पहले चीन की ओर जाएगी। कंपनी पहले से ही इको-फ्रेंडली रेस में खुद को साबित कर चुकी है और इसके पोर्टफोलियो में पहले से ही इंटरनेशनल लाइनअप में दो आल इलेक्ट्रिक वाहन हैं, जिसमें Soul EV और Niro EV शामिल हैं।
हालाँकि, सेल्टोस किआ की अन्य दो इलेक्ट्रिक कारों की तुलना में ज्यादा सुलभ हो होगी क्योंकि यह ब्रांड के ग्लोबल पोर्टफोलियो में सबसे सस्ती इलेक्ट्रिक कार होगी। आपको बताते चलें कि कंपनी इस इलेक्ट्रिक कार को अमेरिका या यूरोपीय बाजारों में लॉन्च नहीं करेगी और यह विशेष रूप से एशियाई देशों के लिए होगा।

उम्मीद है कि कंपनी सबसे पहले इस कार को अपने घरेलू बाजार दक्षिण कोरिया में लॉन्च करेगी। इसके बाद भारत या अन्य बाजारों में उतारा जाएगा। चूंकि भारत में सेल्टोस काफी लोकप्रिय है इसलिए भारत के लिए कंपनी विशेष रूप से विचार कर सकती है। हालांकि भारत में लॉन्च को लेकर अभी कोई अधिकारिक पूष्टि नहीं हुई है।
डिजाइन की बात करें तो यह अपने रेग्यूलर मॉडल से कई एलिमेंट और बॉडी पैनल साझा करेगी। यहां तक की इंटीरियर के कुछ हिस्सों में भी रेग्यूलर मॉडल के इक्वीपमेंट का इस्तेमाल किया जाएगा। हालांकि इलेक्ट्रिक मॉडल को रेग्यूलर मॉडल से अलग करने के लिए कंपनी कार में कुछ बदलाव कर सकती है।

पावरट्रेन की बात करें तो किआ सेल्टोस ईव़ी में सहयोगी ब्रांड हुंडई कोना (Hyundai Kona) का ज्यादा प्रभाव देखा जा सकेगा। खासकर मैकेनिकल और बेटरी के क्षेत्र में। हालांकि अभी इसकी पूष्टि नहीं की गई है। कहा जा रहा है कि कार की रेंज एक बार चार्ज होने पर 400 किमी हो सकती है।
कंपनी किआ सेल्टोस ईवी का ग्लोबल प्रॉडक्शन अगस्त, 2020 में शुरू कर सकती है और प्रोडक्शन दक्षिण कोरिया में यानचेंग के जियांग्सू प्लांट में किया जाएगा। कंपनी पहले साल में इस इलेक्ट्रिक एसयूवी की 10,000 यूनिट बनाने की योजना बना रही है।